गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश,शांतिपूर्ण तरीके से मुहर्रम मेला संपन्न,चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात !

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चुस्त पुलिस प्रशासन

मधेपुरा (संजय कुमार सुमन) :  जिले के बिहारीगंज और पूर्णिया जिले के बहदुरा गांव जहाँ मुहर्र्म मेले को लेकर तनाव दिखा |वहीं चौसा में गंगा यमुना की तहज़ीब को पेश करते हुए मुहर्र्म मेला बिल्कुल शांति पूर्ण तरीके से सम्पन्न हो गया। हालाँकि चौसा पुलिस चप्पे चप्पे पर मौजूद थी। थाना अध्यक्ष सुमन कुमार सिंह के नेतृत्व में पूरी तरह से पुलिस चुस्त दुरुस्त थी।जगह जगह बाँस से घेराबंदी कर दी गई थी।व्यवस्था ऐसा कि एक परिंदा भी पर नही मार सकता था। पूरी तरह चाक चौबंद व्यवस्था।पुलिस प्रशासन के साथ हिंदू एवं मुस्लिम संगठन के लोग पूरी तरह मुस्तैद थी। बिहारीगंज की घटना का मुंहतोड़ जवाब देने के लिये दोनों समुदाय के लोग और पुलिस प्रशासन तब तक निश्चिंत नही हुए जब तक ताजिया गंतव्य स्थान की ओर प्रस्थान नही कर गया।कुल मिला कर चौसा में मुहर्र्म मेला शांति पूर्ण तरीके से सम्पन्न हो गया।जो पूरे जिला में एक मिशाल कायम किया।

गंगा जमुना की मिशाल पेश करता चौसा का मुहर्र्म मेला
गंगा जमुना की मिशाल पेश करता चौसा का मुहर्र्म मेला

हज़रत इमाम हुसैन के शहादत के ग़म में मनाये जाने वाले मुहर्र्म मेला को लेकर जनता उच्च विद्यालय चौसा में अरजपुर,सोनवर्षा,मनोहरपुर,चौसा,बीरबल टोला,करीमन टोला,बदरी टोला,केलावाड़ी,घोषई,बाकर टोला,टिल्हारही,कनुवारही समेत चौदह स्थानों से पहलाम में ताजिया मिलन करने आये जंगी एवं खिलाड़ियों ने अपना अभूतपूर्व प्रदर्शन किया। कई ऐसे करतब दिखाये गये जो रुंगता खड़ी कर देने वाला था। मौके पर आलमनगर के विधायक सह पूर्व मंत्री नरेंद्र नरायन यादव ने आमलोगो को शांतिपूर्ण तरीके से दोनों समुदाय के लोगों से अपील करते हुए कहा कि हमें आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द को बनाये रखना चाहिये।चौसा में जिस तरह दुर्गा मेला और मुहर्र्म मेला एक साथ मनाया जा रहा है,इससे अन्य क्षेत्रों के लोगों से सीख लेनी चाहिये।

करतब दिखते युवा
 करतब दिखते युवा

मुहर्र्म को शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न कराने में बीडीओ मिथिलेश बिहारी वर्मा,दुर्गा मेला समिति के अध्यक्ष अनिल मुनका,ताजिया मेला समिति के अध्यक्ष मनौवर आलम,बीस सूत्री अध्यक्ष मनोज प्रसाद,बीस सूत्री के पूर्व अध्यक्ष अम्बिका गुप्ता,पूर्व मुखिया सूर्यकुमार पट्वे,श्रवण कुमार पासवान,मुखिया प्रतिनिधि सचिन कुमार बंटी,उपप्रमुख दिनेश कुमार दास,जदयू नेता चंदेश्वरी साह,नरेश ठाकुर निराला,अबुसालेह सिद्दिकी,सामाजिक शैक्षणिक कल्याण संघ के अध्यक्ष याहिया सिद्दिकी,आफताव आलम,रेहाना सुल्ताना,सरपंच प्रतिनिध गजेन्द्र प्रसाद यादव,कैलाश पासवान,मनोज राणा,मनोज पासवान,राजकिशोर पासवान आदि काफी सक्रिय दिखे।

मालूम हो कि साम्प्रदायिक सदभाव, एकता और भाईचारा की दशकों पुरानी परंपरा की आज चौसा पुनरावृति हुई । स्थानीय मैदान में दशहरा और मुहर्रम मेला एक साथ आयोजित किया गया । मैदान के एक छोर पर देवी दुर्गा की प्रतिमा पूर्व से स्थापित है ,जबकि दूसरे छोर पर अपराह्न में चौदह ताजिया स्थापित किया गया । इस मेले से हिन्दू और मुसलमान का भेद मिटा जो आपसी सौहार्द का परिचय दिया। जनसैलाब का रैला “मानव मेला” में तब्दील हो गया ।

आमलोगों से मिलते विधायक नरेन्द्र नारायण यादव
आमलोगों से मिलते विधायक नरेन्द्र नारायण यादव

चौसा की यह साझी संस्कृति देश के लिए एक नजीर है ।यह शानदार तोहफा हमारे पूर्वजों ने हमें दिया है। हमारे पूर्वज मो.रफीक , हरि पटवे , लक्खी राम , सूरजमल अग्रवाल , डॉ अयूब हसन ,अब्दुल कैयूम , वासुदेव पटवे , अविनाश चंद्र यादव , बित्तो यादव , युनूस सिद्दीकी , जगदीश मेहता ,शिव कुमार मंडल , पंचानंद भगत, मो.कमाल उद्दीन , चमकलाल मेहता और तिवारी पासवान जैसे महामानव की बदौलत ही आज हम हिन्दू -मुस्लिम भाई-भाई की तरह रह रहे हैं । आज हम उन्हें शिद्दत से महसूस करते हैं ।

चप्पे चप्पे पर प्रशासन का रूटवा दिखा
चप्पे चप्पे पर प्रशासन का रूटवा दिखा

उनकी इस शानदार परंपरा को जिंदा रखने वाले आज की पीढी के सामाजिक रत्न सूर्य कुमार पटवे , अनिल मुनका , मो. मनौवर आलम, पुरूषोत्तम राम , नरेश ठाकुर निराला, यहिया सिद्दीकी, श्रवण कुमार पासवान , सचिन पटवे , मोहम्मद मोईन, मशीर आलम सिद्दीकी , तबशीर अहमद ,अब्बास अली सिद्दीकी , भूपेंद्र पासवान , बिन्देश्वरी पासवान, निरंजन यादव , राजकिशोर पासवान , संजय कुमार सुमन और मनोज पासवान धन्यवाद के पात्र हैं , जिनकी बदौलत चौसा में शांति और सद्भाव कायम है ।